उत्तर
प्रकृति के गर्भ में उन सभी प्रश्नों के उत्तर छिपे है जिन्हें आप जानना चाहते है! यह विधान उचित ही है कि आप अनेक उत्तरों से अछूते बने रहते है! प्रयास से हम उन सभी संभावित उत्तरों की प्राप्ति कर सकते है! किन्तु यह भी सत्य है की निर्विकार होकर ही दुर्लभ ज्ञान का रसास्वादन करें! किसी भी प्रकार की अयोग्यता आपके जीवन की दशा एवं दिशा बदल सकती है!
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